ऑपरेशन सिंदूर के बाद अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर हाई अलर्ट, पिथौरागढ़ और अल्मोड़ा में सुरक्षा कड़ी
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पिथौरागढ़/अल्मोड़ा | ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के बाद चीन व नेपाल से सटी सीमाओं पर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में भी आ गई हैं। सीमांत ज़िले पिथौरागढ़ में भारत-नेपाल व भारत-चीन सीमा क्षेत्रों में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की गश्त व कांबिंग तेज कर दी गई है। संवेदनशील इलाकों में निगरानी भी बढ़ा दी गई है और स्थानीय लोगों से सतर्कता बरतने की अपील भी की जा रही है।
काली नदी किनारे गश्त, संदिग्धों पर कड़ी नजर
पुलिस अधीक्षक रेखा यादव के निर्देश पर सीओ गोविंद बल्लभ जोशी व कुंवर सिंह रावत के नेतृत्व में धारचूला, बलुवाकोट, जौलजीबी, अस्कोट और झूलाघाट थाना क्षेत्रों में काली नदी के किनारे नियमित गश्त और कांबिंग भी की गई। पुलिस ने सीमा से सटे गांवों के निवासियों से अपील की है कि यदि कोई संदिग्ध गतिविधि या व्यक्ति नजर आए तो तुरंत ही पुलिस चौकी या एसएसबी पोस्ट को भी सूचित करें।
नैनी सैनी एयरपोर्ट पर सुरक्षा बढ़ी
सीओ गोविंद बल्लभ भट्ट ने नैनी सैनी एयरपोर्ट का भी निरीक्षण किया। उन्होंने एयरपोर्ट पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को हर आने-जाने वाले यात्री की गहन जांच करने के भी निर्देश दिए। साथ ही सुरक्षा में कोई चूक न हो, इसके लिए विशेष सतर्कता भी बरतने को कहा।
अल्मोड़ा के धार्मिक स्थलों पर भी बढ़ी निगरानी
उधर, अल्मोड़ा में भी पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया है। सीओ गोपाल दत्त जोशी ने चितई गोल्ज्यू मंदिर व जागेश्वर धाम का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायज़ा भी लिया। जागेश्वर मंदिर परिसर में खराब सीसीटीवी कैमरे बदलने के निर्देश भी दिए गए हैं। साथ ही क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) को डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर (DFMD) और हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर (HHMD) से हर श्रद्धालु की जांच सुनिश्चित करने को भी कहा गया है।
विदेशी पर्यटकों की सुरक्षा भी प्राथमिकता में
सीओ जोशी ने कहा कि जागेश्वर धाम में देश-विदेश से श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं, ऐसे में सुरक्षा में किसी भी तरह की ढील बर्दाश्त ही नहीं की जाएगी। एसएसपी देवेंद्र पींचा ने बताया कि सोशल मीडिया और इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म्स की भी कड़ी निगरानी की जा रही है ताकि अफवाहों व भ्रामक जानकारी पर भी नियंत्रण रखा जा सके।




