बदरी-केदार मंदिर समिति में कद बढ़ा: बीडी सिंह को मुख्यमंत्री के मुख्य सलाहकार नियुक्त किया गया
Deprecated: preg_split(): Passing null to parameter #3 ($limit) of type int is deprecated in /home/u948756791/domains/doondarshan.in/public_html/wp-content/themes/jannah/framework/functions/post-functions.php on line 805
देहरादून – प्रदेश सरकार ने बदरी-केदार मंदिर समिति में अपने दीर्घकालिक अनुभव के आधार पर सेवानिवृत्त आईएफएस अधिकारी बीडी सिंह को सीएम के मुख्य सलाहकार (अवैतनिक) के रूप में नियुक्त कर कद भी बढ़ा दिया है।
इस निर्णय से पहले बीडी सिंह को केवल सलाहकार के रूप में बीकेटीसी में नियुक्त भी किया गया था। अब उन्हें मुख्यमंत्री के मुख्य सलाहकार के रूप में चारधाम यात्रा व बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के मामलों पर अपना विशद अनुभव साझा करने का जिम्मा भी सौंपा गया है। सरकार द्वारा 24 जुलाई को जारी अधिसूचना में बताया गया है कि समिति द्वारा बीडी सिंह को आवश्यक सुविधाएं प्रदान भी की जाएंगी, जिससे वे अपनी विशेषज्ञता का पूरा लाभ भी उठा सकें।
बदरीनाथ धाम और केदारनाथ धाम के तीर्थ पुरोहित समाज के साथ-साथ बदरी-केदार मंदिर समिति के कर्मचारियों और संघ पदाधिकारियों – अध्यक्ष विजेंद्र विष्ट, सचिव भूपेंद्र रावत, उपाध्यक्ष रविंद्र भट्ट व पारेश्वर त्रिवेदी ने इस नियुक्ति पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के प्रति आभार भी व्यक्त किया है।
बीडी सिंह, जिन्हें पहले बदरी-केदार मंदिर समिति के मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में कार्यभार संभालने का अनुभव भी रहा है, ने अपनी मेहनत व ईमानदारी के बल पर इस मुकाम को प्राप्त किया है। भारतीय वन सेवा में भी उनके कार्यकाल के दौरान मिली उपलब्धियों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने इस महत्वपूर्ण पद पर उन्हें नियुक्त भी किया है।
हालांकि बदरी-केदार मंदिर समिति अपने पिछले कार्यकालों में कई विवादों व चुनौतियों का सामना भी कर चुकी है, लेकिन इस नई नियुक्ति से उम्मीद की जा रही है कि धार्मिक तदर्थी मंत्रालय में सुधार की नई दिशा मुहैया भी होगी। विपक्ष ने भी समिति के कुछ फैसलों पर सवाल भी उठाए थे, पर अब इस नियुक्ति से उम्मीद है कि समिति के कार्यों में निष्पक्षता व पारदर्शिता सुनिश्चित होगी।
यह कदम प्रशासन द्वारा निजी बैंकों व अन्य संस्थाओं के द्वारा जनता के साथ होने वाले गलत व्यवहारों के खिलाफ कड़े रुख अपनाने की दिशा में उठाए गए प्रयासों का हिस्सा भी माना जा रहा है, जिससे जनमानस का विश्वास और मजबूत हो।




