देहरादून में सड़कों से स्कूल तक: डीएम सविन बंसल की अभिनव पहल से संवरेगा बचपन
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देहरादून — सीएम पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन और जिलाधिकारी सविन बंसल की अभिनव सोच से देहरादून जनपद में शिक्षा की दिशा में एक क्रांतिकारी पहल सामने भी आई है। जिले में बाल भिक्षावृत्ति की समस्या से निपटने व स्ट्रीट चिल्ड्रन को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से राज्य का पहला “आधुनिक इंटेंसिव केयर सेंटर” साधुराम इंटर कॉलेज परिसर में स्थापित किया जा रहा है।
इस मॉडल इंसेंटिव केयर सेंटर की स्थापना उन बच्चों के लिए की गई है, जो सड़कों पर भीख मांगने या कूड़ा बीनने जैसे कार्यों में लिप्त भी हैं। यह केंद्र न केवल बच्चों को रेस्क्यू करेगा, बल्कि उन्हें सुरक्षित, सुसज्जित व शैक्षिक माहौल प्रदान करेगा। इस पहल को प्रदेश के लिए नहीं, बल्कि देशभर में एक मिसाल के तौर पर भी देखा जा रहा है।
निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर जारी
साधुराम इंटर कॉलेज परिसर में बन रहे इस इंटेंसिव केयर सेंटर के नवनिर्मित भवन का निर्माण कार्य भी तेजी से चल रहा है। भवन का भूतल तैयार हो चुका है और जिलाधिकारी स्वयं इसकी प्रगति की रोजाना निगरानी भी कर रहे हैं। इस सेंटर को अत्याधुनिक सुविधाओं और बच्चों की बौद्धिक एवं सामाजिक आवश्यकताओं के अनुसार तैयार भी किया जा रहा है।
डीएम की माइक्रो प्लानिंग की सराहना
डीएम सविन बंसल द्वारा तैयार की गई माइक्रो प्लानिंग के अंतर्गत बच्चों की पहचान, रेस्क्यू, काउंसलिंग, शिक्षा से जोड़ना और अभिभावकों की मानसिकता में परिवर्तन लाने जैसे बिंदुओं को समाहित किया गया है। विषय विशेषज्ञों की मदद से तैयार यह योजना अब तक की अन्य योजनाओं की तुलना में अधिक प्रभावी व व्यावहारिक भी सिद्ध हो रही है।
डीएम सविन बंसल ने कहा, “समाज के हर बच्चे को समान अवसर देना हमारी मूल जिम्मेदारी है। हमारा लक्ष्य है कि हर ड्रॉपआउट और स्ट्रीट चाइल्ड को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाए।”
भविष्य की राह
जैसे-जैसे यह सेंटर पूर्ण रूप से तैयार होगा, यह सैकड़ों बच्चों के जीवन को नई दिशा भी देगा। इसके जरिए न केवल शिक्षा मिलेगी, बल्कि बच्चों में आत्मविश्वास, आत्मनिर्भरता व उज्जवल भविष्य की नींव भी मजबूत होगी।
राज्य सरकार और जिला प्रशासन की यह पहल न केवल संवेदनशीलता का प्रतीक है, बल्कि यह भविष्य के लिए एक ठोस सामाजिक निवेश भी है।




