नैनीताल: उत्तराखंड हाईकोर्ट ने सरकारी विभागों में कार्यरत उपनल संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण व समान कार्य के लिए समान वेतन के मामले में राज्य सरकार से स्पष्टीकरण भी तलब किया है। कोर्ट ने यह निर्देश अवमानना याचिका पर सुनवाई के दौरान ही दिए।

सुनवाई में राज्य सरकार ने बताया कि उपनल कर्मचारियों के नियमितीकरण के लिए कट-ऑफ तिथि 2018 से बढ़ाकर 15 अक्टूबर 2024 भी कर दी गई है। साथ ही, पात्र कर्मचारियों को 1 मार्च 2026 से “समान कार्य, समान वेतन” का लाभ देने का निर्णय भी लिया गया है। हालांकि सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी नियुक्ति संविदा के आधार पर रहेगी और वे नियमित कर्मचारियों की अन्य सेवा सुविधाओं का दावा ही नहीं कर सकेंगे।

उपनल कर्मचारी संघ का आरोप है कि हाईकोर्ट की खंडपीठ के नवंबर 2025 के आदेश के बावजूद सरकार ने अब तक नियमितीकरण, समान वेतन व वेतन से जीएसटी कटौती रोकने के निर्देशों का पूर्ण पालन नहीं किया है। मामले में हाईकोर्ट ने सरकार से विस्तृत जवाब दाखिल करने को भी कहा है।